पुणे, मार्च (जिमाका)
जिला सूचना कार्यालय, पुणे के माध्यम से जिला वार्षिक योजना 2021-22 के तहत ‘वन नियंत्रण एवं जैव विविधता’ की अवधारणा पर एक अभिनव योजना के माध्यम से जनजागृति की जा रही है। चित्ररथ और एलईडी वाहनों के माध्यम से वन क्षेत्र के निकट के गांवों में चल रहे इस जागरूकता अभियान का नागरिकों से अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है।
जुन्नर और आंबेगांव तालुका के गांवों में ‘वन नियंत्रण और जैव विविधता’ के बारे में संदेश दिया जा रहा है। बोरी, बेल्हे, पेठ, बरोदा, उंब्रज, वडगांव, ओतुर, झर, राजुरी, आणे, नारायणगांव, काले, गावडेवाडी, सोमटवाडी, धामणी और कुसुर में जनजागृति चित्ररथ को ग्रामीणों से जबरदस्त प्रतिसाद मिला है। ग्रामीणों का कहना है कि डाक्यूमेंट्री के माध्यम से उन्हें अच्छी जानकारी मिल रही है।
जिला सूचना कार्यालय, पुणे के माध्यम से जिला वार्षिक योजना 2021-22 के तहत ‘वन नियंत्रण एवं जैव विविधता’ की अवधारणा पर एक अभिनव योजना के माध्यम से जनजागृति की जा रही है। चित्ररथ और एलईडी वाहनों के माध्यम से वन क्षेत्र के निकट के गांवों में चल रहे इस जागरूकता अभियान का नागरिकों से अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है।
जुन्नर और आंबेगांव तालुका के गांवों में ‘वन नियंत्रण और जैव विविधता’ के बारे में संदेश दिया जा रहा है। बोरी, बेल्हे, पेठ, बरोदा, उंब्रज, वडगांव, ओतुर, झर, राजुरी, आणे, नारायणगांव, काले, गावडेवाडी, सोमटवाडी, धामणी और कुसुर में जनजागृति चित्ररथ को ग्रामीणों से जबरदस्त प्रतिसाद मिला है। ग्रामीणों का कहना है कि डाक्यूमेंट्री के माध्यम से उन्हें अच्छी जानकारी मिल रही है।
यह पहल पर्यावरण संरक्षण के संदेश को फैलाने के लिए लागू की जा रही है। चित्ररथ और एलईडी वाहन जिले के वन क्षेत्रों में 300 से अधिक गांवों से होकर गुजरेंगे। कॉन्सेप्ट से जुड़े 5 अलग-अलग टॉपिक्स पर शॉर्ट वीडियो बनाए गए हैं। इसमें अनुभवी पर्यावरणविद् मारुति चितमपल्ली, अनुभवी अभिनेता सयाजी शिंदे, मकरंद अनासपुरे और डॉ. महेश गायकवाड़ के संदेश भी शामिल हैं।
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