पुणे, जून (जिमाका)
एनएसएफडीसी नई दिल्ली के माध्यम से महात्मा फुले मागास वर्ग विकास निगम के जरिये कोविड-19 की वैश्विक महामारी में जिन अनुसूचित जाति परिवार के मुखिया की मौत हो गई है, उन परिवार के पुनर्वास के लिए और Support for Marginalized Individuals for Livelihoods Enterprise (SMILE) नामक व्यवसाय के लिए ऋण योजना का विवरण विचाराधीन है। इस योजना का विवरण और नियम और शर्तें इस प्रकार हैं। जिस परियोजना की लागत 1 लाख से 5 लाख रुपये के बीच होगी, उस एनएसएफडीसी की भागीदारी 80 प्रतिशत, पूंजी अनुदान 20 प्रतिशत, ब्याज दर 6 प्रतिशत, चुकौती अवधि 6 वर्ष होगी। इस ऋण योजना के लिए पात्र आवेदक अनुसूचित जाति से होने चाहिए। आवेदक की वार्षिक आय 3 लाख रुपये तक होनी चाहिए। आवेदक उस परिवार के मुखिया के परिवार का सदस्य होना चाहिए, जिसकी मृत्यु कोरोना के कारण हुई हो (परिवार के मुखिया के राशन कार्ड में सदस्य का नाम होना अनिवार्य है) मृतक की आयु सीमा 18 से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए। मृतक परिवार के मुखिया की आय परिवार की कुल आय से अधिक होनी चाहिए। कोरोना से मरनेवाले व्यक्ति के लिए निम्नलिखित दस्तावेजों में से एक की आवश्यकता होती है-
अ) महानगरपालिका/नगरपालिका द्वारा जारी मृत्यु प्रमाणपत्र।
(आ) श्मशान भूमि प्राधिकरण द्वारा जारी रसीद।
इ) किसी गांव में श्मशान भूमि नहीं है, उन्हें समूह विकास अधिकारी द्वारा जारी मृत्यु प्रमाण पत्र।
आवश्यक दस्तावेज : मृतक का नाम और पता, आधारकार्ड, आय का प्रमाण (3 लाख तक), कोविड-19 के कारण मरने वाले व्यक्ति का मृत्यु का प्रमाणपत्र, राशन कार्ड, आयु का प्रमाणपत्र।
कोविड-19 के प्रकोप के कारण मृतक के परिवार में व्यक्ति द्वारा उपरोक्त सूचना निगम के जिला कार्यालय में अथवा इस लिंक पर https://forms.gle/7mG8CMecLknWGt6k7 भरनी चाहिए। यह जानकारी जिला प्रबंधक महात्मा फुले मागास वर्ग विकास निगम पुणे द्वारा दी गई है।
एनएसएफडीसी नई दिल्ली के माध्यम से महात्मा फुले मागास वर्ग विकास निगम के जरिये कोविड-19 की वैश्विक महामारी में जिन अनुसूचित जाति परिवार के मुखिया की मौत हो गई है, उन परिवार के पुनर्वास के लिए और Support for Marginalized Individuals for Livelihoods Enterprise (SMILE) नामक व्यवसाय के लिए ऋण योजना का विवरण विचाराधीन है। इस योजना का विवरण और नियम और शर्तें इस प्रकार हैं। जिस परियोजना की लागत 1 लाख से 5 लाख रुपये के बीच होगी, उस एनएसएफडीसी की भागीदारी 80 प्रतिशत, पूंजी अनुदान 20 प्रतिशत, ब्याज दर 6 प्रतिशत, चुकौती अवधि 6 वर्ष होगी। इस ऋण योजना के लिए पात्र आवेदक अनुसूचित जाति से होने चाहिए। आवेदक की वार्षिक आय 3 लाख रुपये तक होनी चाहिए। आवेदक उस परिवार के मुखिया के परिवार का सदस्य होना चाहिए, जिसकी मृत्यु कोरोना के कारण हुई हो (परिवार के मुखिया के राशन कार्ड में सदस्य का नाम होना अनिवार्य है) मृतक की आयु सीमा 18 से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए। मृतक परिवार के मुखिया की आय परिवार की कुल आय से अधिक होनी चाहिए। कोरोना से मरनेवाले व्यक्ति के लिए निम्नलिखित दस्तावेजों में से एक की आवश्यकता होती है-
अ) महानगरपालिका/नगरपालिका द्वारा जारी मृत्यु प्रमाणपत्र।
(आ) श्मशान भूमि प्राधिकरण द्वारा जारी रसीद।
इ) किसी गांव में श्मशान भूमि नहीं है, उन्हें समूह विकास अधिकारी द्वारा जारी मृत्यु प्रमाण पत्र।
आवश्यक दस्तावेज : मृतक का नाम और पता, आधारकार्ड, आय का प्रमाण (3 लाख तक), कोविड-19 के कारण मरने वाले व्यक्ति का मृत्यु का प्रमाणपत्र, राशन कार्ड, आयु का प्रमाणपत्र।
कोविड-19 के प्रकोप के कारण मृतक के परिवार में व्यक्ति द्वारा उपरोक्त सूचना निगम के जिला कार्यालय में अथवा इस लिंक पर https://forms.gle/7mG8CMecLknWGt6k7 भरनी चाहिए। यह जानकारी जिला प्रबंधक महात्मा फुले मागास वर्ग विकास निगम पुणे द्वारा दी गई है।

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