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अगली पीढ़ी के लिए मार्गदर्शक है स्त्री-पुरुष भेदभाव रहित सामाजिक संरचना : कारागृह व सुधारसेवा महानिरीक्षक अतुलचंद्र कुलकर्णी

पुणे, मार्च (जिमाका)

स्त्री और पुरुष के बीच भेदभाव के बिना उचित समन्वय बनाए रखने से बेहतर समाज के निर्माण में मदद मिलेगी, साथ ही ऐसी भेदभावरहित सामाजिक संरचना आने वाली पीढ़ी का मार्गदर्शन करेगी। यह विश्वास कारागृह व सुधारसेवा महानिरीक्षक व अपर पुलिस महासंचालक अतुलचंद्र कुलकर्णी ने व्यक्त किया।
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर कारागार एवं सुधार सेवा महानिरीक्षक एवं अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक के कार्यालय में ‘महिला लैंगिक कानून व लैंगिक संवेदना’ विषय पर कार्यशाला का आयोजन किया गया था, तब वे बोल रहे थे। इस अवसर पर कारागृह उपमहानिरीक्षक सुनील ढमाल, संशोधन अधिकारी डॉ. हेमंतकुमार पवार, उपाधीक्षक प्रदीप जगताप, राजाराम भोसले, कारागृह अधिकारी शिवाजी पाटिल, महिला शिकायत निवारण समिति की सदस्या डॉ. अजंलि देशपांडे, बैंक ऑफ महाराष्ट्र की वरिष्ठ अधिकारी अश्विनी कुलकर्णी आदि उपस्थित थे।
नारी जन्म का स्वागत करने की मानसिकता समाज में निहित है, स्वागत योग्य है यह बताते हुए श्री कुलकर्णी ने कहा कि किसी भी क्षेत्र में स्त्री-पुरुष भेदभाव नहीं हो, ऐसे समाज का हमें निर्माण करना है, इससे आनेवाली पीढ़ी पर महिलाओं के प्रति आदर करने के संस्कार होंगे।
डॉ. देशपांडे ने कहा कि सहायक की भूमिका निभाने के लिए विशाखा समिति का गठन किया गया है। यदि किसी महिला के साथ दुर्व्यवहार किया जाता है तो वह स्वयं या कोई अन्य व्यक्ति शिकायत दर्ज करा सकता है। भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सकता है यदि हम अन्याय के खिलाफ साहसपूर्वक आवाज उठाएं।
उन्होंने आगे कहा कि महिलाओं में सृजन की शक्ति होती है। उन्हें एक महत्वपूर्ण स्थान देने की आवश्यकता है क्योंकि वे समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। महिला और पुरुष समसमान और परस्परपूरक हैं और उनकी क्षमता का बिना किसी भेदभाव के उपयोग किया जाना चाहिए। कोई भी निर्णय लेते समय महिलाओं से सलाह लेनी चाहिए।
श्रीमती कुलकर्णी ने कहा कि समाज में कार्य करते हुए लैंगिक समानता के बारे में एक महिला के रूप में नहीं बल्कि समाज के एक घटक के रूप में अपनी राय व्यक्त करनी चाहिए। कारागार विभाग में कार्यरत महिला कर्मचारियों में सतर्कता, सरलता, चतुराई, परिश्रम आदि गुण होने चाहिए। महिला दिवस के मौके पर कांचन शेलार और दीक्षिता चिलप को आज से कंट्रोल रूम की जिम्मेदारी दी गई है।

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