पुणे, नवंबर (हड़पसर एक्सप्रेस न्यूज नेटवर्क)
श्रीमती इंदु रानी दुबे ने पुणे मंडल पर मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) का कार्यभार ग्रहण कर लिया हैं। वह भारतीय रेलवे यातायात सेवा 1994 बैच की अधिकारी हैं। उन्होंने अर्थशास्त्र और कानून में डिग्री हासिल की है। इसके पूर्व वे लखनऊ में चीफ कमिशनर रेलवे सेफ्टी कार्यालय में विशेष कार्य अधिकारी, सेफ्टी/यातायात के रूप में कार्यरत थीं।
श्रीमती दुबे को भारतीय रेल पर विभिन्न पदों पर कार्य करने का गहन अनुभव प्राप्त है। रेल सेवा के दौरान उन्होंने उत्तर पूर्व रेलवे के लखनऊ, इज्जतनगर, वाराणसी, सोनपुर मंडलों तथा उत्तर पूर्व रेलवे के मुख्यालय गोरखपुर में परिचालन एवं वाणिज्य विभाग में विभिन्न पदों पर कार्य किया है।
उन्होंने भारतीय रेलवे के विभिन्न प्रमुख स्टेशन यार्डों की जटिलताओं की जांच करने में योगदान देकर कई जटिल परिचालन और सेफ्टी मुद्दों के व्यावहारिक समाधान प्रदान करने में अपनी विशेष भूमिका निभाई है। उन्हें भारतीय रेलवे के परिचालन में सेफ्टी गतिविधियों में कार्य का गहन अनुभव है। अपनी उत्कृष्ट सेवा के लिए उन्हें वर्ष 2005 में रेल मंत्रालय का राष्ट्रीय पुरस्कार तथा रेलवे सेफ्टी कमिशन में उत्कृष्ट सेवा के लिए वर्ष 2018 में रेल मंत्री द्वारा सम्मानित किया गया है।
उन्होंने जपान में डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर परियोजना से संबंधित कार्य के बारे में प्रशिक्षण प्राप्त किया है। हाल ही में ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय से पाठ्यक्रम पूरा करने पर यूनाइटेड किंगडम ब्रिटेन की सरकार ने उन्हें उत्कृष्ट नेतृत्व गुणों के लिए चेवेनिंग गुरुकुल फेलोशिप से सम्मानित किया है।
श्रीमती दुबे ने पुणे मंडल पर सुरक्षित गाड़ी संचालन, यात्री सुविधाओं, गाड़ियों की पंक्चुयलिटी को बेहतर बनाने, रेल परियोजनाओं को पूरा करने तथा रेल राजस्व बढ़ाने को अपनी प्राथमिकताओं में रखा है। उन्होंने कहा कि वह यात्रियों के लिए बेहतर अनुभव उपलब्ध कराने के लिए हर संभव प्रयास करेंगी, जिससे हमारे माननीय प्रधानमंत्री के राष्ट्र को अधिक गतिशील बनाने के विज़न को पूरा किया जा सके।
यह जानकारी पुणे रेल मंडल के जनसंपर्क अधिकारी श्री मनोज झंवर द्वारा दी गई है।
श्रीमती इंदु रानी दुबे ने पुणे मंडल पर मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) का कार्यभार ग्रहण कर लिया हैं। वह भारतीय रेलवे यातायात सेवा 1994 बैच की अधिकारी हैं। उन्होंने अर्थशास्त्र और कानून में डिग्री हासिल की है। इसके पूर्व वे लखनऊ में चीफ कमिशनर रेलवे सेफ्टी कार्यालय में विशेष कार्य अधिकारी, सेफ्टी/यातायात के रूप में कार्यरत थीं।
श्रीमती दुबे को भारतीय रेल पर विभिन्न पदों पर कार्य करने का गहन अनुभव प्राप्त है। रेल सेवा के दौरान उन्होंने उत्तर पूर्व रेलवे के लखनऊ, इज्जतनगर, वाराणसी, सोनपुर मंडलों तथा उत्तर पूर्व रेलवे के मुख्यालय गोरखपुर में परिचालन एवं वाणिज्य विभाग में विभिन्न पदों पर कार्य किया है।
उन्होंने भारतीय रेलवे के विभिन्न प्रमुख स्टेशन यार्डों की जटिलताओं की जांच करने में योगदान देकर कई जटिल परिचालन और सेफ्टी मुद्दों के व्यावहारिक समाधान प्रदान करने में अपनी विशेष भूमिका निभाई है। उन्हें भारतीय रेलवे के परिचालन में सेफ्टी गतिविधियों में कार्य का गहन अनुभव है। अपनी उत्कृष्ट सेवा के लिए उन्हें वर्ष 2005 में रेल मंत्रालय का राष्ट्रीय पुरस्कार तथा रेलवे सेफ्टी कमिशन में उत्कृष्ट सेवा के लिए वर्ष 2018 में रेल मंत्री द्वारा सम्मानित किया गया है।
उन्होंने जपान में डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर परियोजना से संबंधित कार्य के बारे में प्रशिक्षण प्राप्त किया है। हाल ही में ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय से पाठ्यक्रम पूरा करने पर यूनाइटेड किंगडम ब्रिटेन की सरकार ने उन्हें उत्कृष्ट नेतृत्व गुणों के लिए चेवेनिंग गुरुकुल फेलोशिप से सम्मानित किया है।
श्रीमती दुबे ने पुणे मंडल पर सुरक्षित गाड़ी संचालन, यात्री सुविधाओं, गाड़ियों की पंक्चुयलिटी को बेहतर बनाने, रेल परियोजनाओं को पूरा करने तथा रेल राजस्व बढ़ाने को अपनी प्राथमिकताओं में रखा है। उन्होंने कहा कि वह यात्रियों के लिए बेहतर अनुभव उपलब्ध कराने के लिए हर संभव प्रयास करेंगी, जिससे हमारे माननीय प्रधानमंत्री के राष्ट्र को अधिक गतिशील बनाने के विज़न को पूरा किया जा सके।
यह जानकारी पुणे रेल मंडल के जनसंपर्क अधिकारी श्री मनोज झंवर द्वारा दी गई है।

0 टिप्पणियाँ