मुंबई, अक्टूबर (महासंवाद)
राज्य में बाजार समितियों की वर्ष 2022-23 के लिए वार्षिक रैंकिंग की घोषणा विपणन निदेशालय द्वारा की गई है। इनमें नासिक जिले के लासलगांव और पुणे जिले की बारामती बाजार समिति ने संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया है।
बालासाहेब ठाकरे कृषि व्यवसाय और ग्रामीण परिवर्तन (स्मार्ट) परियोजना के तहत राज्य भर की बाजार समितियों की वर्ष 2022-23 वित्तीय वर्ष के प्रदर्शन के आधार पर वार्षिक रैंकिंग की घोषणा विपणन निदेशालय द्वारा की गई है। राज्य की कुल 305 बाजार समितियों में से लासलगांव और बारामती बाजार समितियां संयुक्त रूप से पहले स्थान पर हैं। वाशिम जिले की कारंजा (लाड) बाजार समिति दूसरे स्थान पर हैं और अहमदनगर जिले की संगमनेर बाजार समिति तीसरे स्थान पर हैं। यह जानकारी विपणन निदेशक डॉ. केदारी जाधव द्वारा दी गई है।
स्मार्ट परियोजना के तहत राज्य में पिछले साल से ही बाजार समितियों की वार्षिक रैंकिंग इसी तरह घोषित की जा रही है। बाजार समिति की रैंकिंग घोषणा के कारण अन्य बाजार समितियों की तुलना में किसानों की कृषि उपज ले जानेवाली बाजार समिति की स्थिति किसानों को समझ आनेवाली है। इससे किसानों को आकर्षित करने के लिए अधिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए बाजार समिति में निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा के निर्माण को बढ़ावा मिलेगा।
विश्व बैंक के सहयोग से राज्य में बालासाहेब ठाकरे कृषि व्यवसाय और ग्रामीण परिवर्तन यानी स्मार्ट परियोजना शुरू की जा रही है। बाजार समितियों की रैंकिंग निर्धारित करने के लिए विपणन निदेशालय कार्यालय की ओर से विश्व बैंक के निर्देशानुसार किसानों की कृषि उपज की बिक्री व्यवस्था के लिए बाजार समिति में बुनियादी ढांचे और अन्य सुविधा, वित्तीय और वैधानिक कामकाज, योजनाओं/गतिविधियों को लागू करने में भागीदारी के संदर्भ में कुल 35 मानदंड तैयार किए गए थे। इस मानदंड से संबंधित जानकारी संबंधित तालुका और जिला स्तरीय समितियों द्वारा जांच की गई है और कुल 200 अंकों में से अंक दिए गए हैं। इन अंकों के आधार पर वर्ष 2022-23 के लिए राज्य की बाजार समिति की रैंकिंग निर्धारित की गई है।
राज्य में बाजार समितियों की वर्ष 2022-23 के लिए वार्षिक रैंकिंग की घोषणा विपणन निदेशालय द्वारा की गई है। इनमें नासिक जिले के लासलगांव और पुणे जिले की बारामती बाजार समिति ने संयुक्त रूप से पहला स्थान हासिल किया है।
बालासाहेब ठाकरे कृषि व्यवसाय और ग्रामीण परिवर्तन (स्मार्ट) परियोजना के तहत राज्य भर की बाजार समितियों की वर्ष 2022-23 वित्तीय वर्ष के प्रदर्शन के आधार पर वार्षिक रैंकिंग की घोषणा विपणन निदेशालय द्वारा की गई है। राज्य की कुल 305 बाजार समितियों में से लासलगांव और बारामती बाजार समितियां संयुक्त रूप से पहले स्थान पर हैं। वाशिम जिले की कारंजा (लाड) बाजार समिति दूसरे स्थान पर हैं और अहमदनगर जिले की संगमनेर बाजार समिति तीसरे स्थान पर हैं। यह जानकारी विपणन निदेशक डॉ. केदारी जाधव द्वारा दी गई है।
स्मार्ट परियोजना के तहत राज्य में पिछले साल से ही बाजार समितियों की वार्षिक रैंकिंग इसी तरह घोषित की जा रही है। बाजार समिति की रैंकिंग घोषणा के कारण अन्य बाजार समितियों की तुलना में किसानों की कृषि उपज ले जानेवाली बाजार समिति की स्थिति किसानों को समझ आनेवाली है। इससे किसानों को आकर्षित करने के लिए अधिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए बाजार समिति में निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा के निर्माण को बढ़ावा मिलेगा।
विश्व बैंक के सहयोग से राज्य में बालासाहेब ठाकरे कृषि व्यवसाय और ग्रामीण परिवर्तन यानी स्मार्ट परियोजना शुरू की जा रही है। बाजार समितियों की रैंकिंग निर्धारित करने के लिए विपणन निदेशालय कार्यालय की ओर से विश्व बैंक के निर्देशानुसार किसानों की कृषि उपज की बिक्री व्यवस्था के लिए बाजार समिति में बुनियादी ढांचे और अन्य सुविधा, वित्तीय और वैधानिक कामकाज, योजनाओं/गतिविधियों को लागू करने में भागीदारी के संदर्भ में कुल 35 मानदंड तैयार किए गए थे। इस मानदंड से संबंधित जानकारी संबंधित तालुका और जिला स्तरीय समितियों द्वारा जांच की गई है और कुल 200 अंकों में से अंक दिए गए हैं। इन अंकों के आधार पर वर्ष 2022-23 के लिए राज्य की बाजार समिति की रैंकिंग निर्धारित की गई है।

0 टिप्पणियाँ