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भव्य वार्षिक फिल्मोत्सव ‘आईएफएफआई’, जिसमें पूरी दुनिया और भारत की सर्वश्रेष्ठ फिल्में दिखाई जाती हैं, का शुभारंभ 20 नवंबर से

    ‘‘भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (आईएफएफआई) दुनिया के 14 सबसे बड़े और सबसे प्रतिष्ठित अंतर्राष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा फीचर फिल्म महोत्सवों’ में से एक हैजो कि इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ फिल्म प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन (एफआईएपीएफ) से मान्यता प्राप्त हैजो कि विश्व स्तर पर फिल्म महोत्सवों का संचालन करने वाली अंतरराष्ट्रीय संस्था है। कानबर्लिन और वेनिस जैसे अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव दरअसल ऐसे अन्य प्रतिष्ठित फिल्म महोत्सव हैंजो इस श्रेणी के तहत एफआईएपीएफ से मान्यता प्राप्त हैं। इस भव्य वार्षिक फिल्म महोत्सव में पूरी दुनिया और भारत की सर्वश्रेष्ठ फिल्में पिछले कई वर्षों सेदिखाई जाती रही हैं जिसमें भारतीय फिल्म उद्योग के साथ-साथ दुनिया भर की फिल्म हस्‍ति‍यां प्रतिनिधियों, अतिथियों और वक्ताओं के रूप में इसकी शोभा बढ़ाती हैं।’’ एनएफडीसी के एमडी और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के संयुक्त सचिव (फिल्म) श्री पृथुल कुमार ने ये बातें कहीं।श्री पृथुल आज यहां पणजी में 54वें भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव के लिए आयोजित पूर्वावलोकन संबंधी संवाददाता सम्मेलन में बोल रहे थे।संवाददाता सम्मेलन में ईएसजी की उपाध्यक्ष श्रीमती डेलिलाह एम. लोबो;ईएसजी की सीईओ सुश्री अंकिता मिश्रा;पीआईबी, पश्चिमी जोन की महानिदेशक सुश्री मोनीदीपा मुखर्जी; और पीआईबी की महानिदेशक डॉ. प्रज्ञा पालीवाल गौड़ भी उपस्थित थीं।
    महोत्सव के इस वर्ष के संस्करण के बारे में विस्तार से बताते हुए श्री पृथुल कुमार ने कहा कि आईएफएफआई का मुख्य आकर्षण विश्व सिनेमा में उत्कृष्टता के लिए दिया जाने वाला सत्यजीत रे लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड (एसआरएलटीए) है। वर्तमान में विश्व सिनेमा में सबसे महान अंतरराष्ट्रीय हस्तियों में से एक हॉलीवुड अभिनेता और निर्माता माइकल डगलस इस प्रतिष्ठित पुरस्कार को पाने के लिए आईएफएफआई में उपस्थित होंगे। उनके साथ उनकी पत्नी और मशहूर अभिनेत्री कैथरीन ज़ेटा-जोन्स भी होंगी।
    इस फिल्‍म महोत्सव के दौरान 270 से अधिक फिल्में स्थानों - आईनॉक्स पंजिममाक्विनेज पैलेसआईनॉक्स पोरवोरिमजेड स्क्वायर सम्राट अशोक पर प्रदर्शित की जाएंगी। 54वें आईएफएफआई के 'अंतरराष्ट्रीय खंडमें 198 फिल्में दिखाई जाएंगी जो 53वें आईएफएफआई से 18 ज्यादा हैं। इसमें 13 विश्व प्रीमियर, 18 अंतरराष्ट्रीय प्रीमियर, 62 एशिया प्रीमियर और 89 भारत प्रीमियर होंगे। इस वर्ष आईएफएफआई को 105 देशों से रिकॉर्ड संख्या में 2926 प्रविष्टियां प्राप्त हुईं हैंजो पिछले वर्ष की तुलना में 3 गुना अधिक अंतरराष्ट्रीय प्रविष्टियां हैं। 'भारतीय पैनोरमाखंड में भारत की 25 फीचर फिल्में और 20 गैर-फीचर फिल्में प्रदर्शित की जाएंगी। फीचर खंड में ओपनिंग फिल्म मलयालम फिल्म "अट्टम" हैऔर गैर-फीचर खंड में ओपनिंग फिल्म मणिपुर की "एंड्रो ड्रीम्स" है।
    आईएफएफआई के 54वें संस्करण के लिए नई पहल के बारे में बताते हुए श्री पृथुल कुमार ने कहा कि इस वर्ष सर्वश्रेष्ठ वेब सीरीज (ओटीटी) पुरस्कार की शुरुआत की गई है। इसका उद्देश्य ओटीटी प्लेटफार्मों की समृद्ध सामग्री और इसके रचनाकारों को स्वीकार करनाप्रोत्साहित करना और सम्मान देना है। 15 ओटीटी प्लेटफॉर्म से 10 भाषाओं में 32 प्रविष्टियां प्राप्त हुई हैं। विजेता सीरीज को पुरस्कार राशि के रूप में प्रमाणपत्र और 10 लाख का नकद पुरस्कार दिया जाएगाजिसकी घोषणा समापन समारोह में की जाएगी।
    इस क्षेत्र में भारत की ऑस्कर प्रविष्टि को चिह्नित करने और आज फिल्म निर्माण में वृत्तचित्रों के बढ़ते महत्व को उजागर करने के लिए इस वर्ष दुनिया भर के सम्मोहक वृत्तचित्रों का एक डॉक्यू-मोंटाज खंड भी पेश किया गया है।
    इसके अलावाफिल्‍मोत्‍सव में पहली बार रिस्टोर्ड (पुनर्निर्मित) क्लासिक्स खंड भी पेश किया गया हैजिसमें भारतीय क्लासिक्स की क्षतिग्रस्त सेल्युलाइड रीलों से राष्ट्रीय फिल्म विरासत मिशन (एनएफएचएम) के तहत एनएफडीसी-एनएफएआई द्वारा फिर से तैयार की गई फिल्‍मों के 7 विश्व प्रीमियर शामिल हैं। इसके अलावाइस खंड में 3 अंतरराष्ट्रीय पुनर्निर्मित फिल्में भी प्रदर्शित की जाएंगी।
    प्रख्यात फिल्म निर्माताओंछायाकारों व अभिनेताओं के साथ 20 से अधिक ‘मास्टर क्लास’ और ‘इन कन्वर्सेशन’ सत्रों से लैस इस वर्ष के आईएफएफआई का एक सप्ताह बेहद रोमांचक होगा। ये सत्र गोवा के पणजी स्थित फेस्टिवल माइल में पुनर्निर्मित एवं नवीनीकृत कला अकादमी में आयोजित किए जायेंगे। इस वर्ष इन सत्रों में माइकल डगलसब्रेंडन गैल्विनब्रिलेंटे मेंडोज़ासनी देओलरानी मुखर्जीविद्या बालनजॉन गोल्डवाटरविजय सेतुपतिसारा अली खानपंकज त्रिपाठीनवाज़ुद्दीन सिद्धिकीकेके मेननकरण जौहरमधुर भंडारकरमनोज बाजपेयीकार्तिकी गोंसाल्वेसबोनी कपूरअल्लू अरविंदथियोडोर ग्लकगुलशन ग्रोवर तथा अन्य हस्तियां भाग लेंगी।
    पिछले साल शुरू की गई गाला प्रीमियर्स पहल का विस्तार किया जा रहा है। इस वर्ष 12 गाला प्रीमियर और दो विशेष वेब सीरीज प्रीमियर आयोजित किए जायेंगे। आईएफएफआई में इन फिल्म प्रीमियरों में संबद्ध फिल्मों के अभिनेता एवं प्रतिभाएं अपनी फिल्मों को प्रोत्साहित करने हेतु आईएफएफआई के रेड कार्पेट पर चलेंगे।
    एनएफडीसी फिल्म बाजार” के 217वें संस्करण में वीएफएक्स एवं टेक पैवेलियनवृतचित्र एवं गैर-फीचर प्रोजेक्ट्स/फिल्मों, “नॉलेज सीरीज" और “बुक टू बॉक्स ऑफिस” की शुरुआत के साथ इसके आयामों का दायरा बढ़ाया जाएगा। कुल मिलाकरइस वर्ष फिल्म बाजार के 17वें संस्करण में निर्माणवितरण या बिक्री हेतु 300 से अधिक अंतरराष्ट्रीय फिल्म परियोजनाएं तैयार और प्रदर्शित की जायेंगी।
    इस वर्ष आईएफएफआई के 54वें संस्करण में, 75 क्रिएटिव माइंड्स ऑफ टुमॉरो (सीएमओटी) उम्मीदवारों के लिए विशेष रूप से सिनेमा के मास्टर्स द्वारा तैयार की गई पेशेवर कक्षाएं भी होंगी और 20 से अधिक अग्रणी कंपनियों के साथ भर्ती के लिए एक “प्रतिभा शिविर" का आयोजन किया जायेगा।
    इस महोत्सव में यह सुनिश्चित करने हेतु सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी कि महोत्सव के दिव्यांग प्रतिनिधि सभी स्क्रीनिंग और अन्य स्थलों तक सुगमता से पहुंच सकें। इस समारोह को सभी के लिए समावेशी एवं सुलभ बनाने का प्रयास समावेशिता की दिशा में उठाया गया एक कदम है। 
आईएफएफआई न केवल सिनेमाई उत्कृष्टता का प्रदर्शन हैबल्कि सांस्कृतिक विविधता का उत्सव भी है। आईएफएफआई सिने-मेला पहलसिनेमाई उत्सवों को एक शानदार विस्तार प्रदान करेगाजहां आईएफएफआई में उपस्थित लोग और यहां तक कि अन्य लोग जैसे स्थानीय समुदाय और पर्यटकजो आईएफएफआई के लिए पंजीकृत नहीं हैंवे भी सिनेमाकलासंस्कृतिशिल्प और भोजन का जश्न मनाते हुए रोमांचक गतिविधियों का आनंद ले सकते हैं। भारत सरकार के सूचना और प्रसारण मंत्रालय के अंतर्गत केंद्रीय संचार ब्यूरो द्वारा एक प्रदर्शनी लगायी गयी हैजो सिने प्रेमियों को आपसी-संवाद डिस्प्ले के माध्यम से फिल्मों के बारे में जानकारी प्राप्त करने की सुविधा प्रदान करेगी। प्रवेश सभी के लिए निःशुल्क है। आईएफएफआई को दुनिया के लिए भारत के सबसे बड़े सांस्कृतिक समारोहों में से एक के रूप में स्थापित करने के लिए कारवांशिगमोत्सवगोवा कार्निवलसेल्फी पॉइंटआईएफएफआई मर्चेंडाइज और अन्य पहलों के साथ-साथ आम लोगों के लिए तीन स्थानों पर ओपन एयर स्क्रीनिंग भी आयोजित की जाएगी।
इसके अलावा54वें आईएफएफआई में महोत्सव-स्थलों की संपूर्ण सजावट और ब्रांडिंग के लिए एनएफडीसी और ईएसजी ने एनआईडीअहमदाबाद के साथ साझेदारी की है।
    ईएसजी की सीईओ सुश्री अंकिता मिश्रा ने उपस्थित लोगों को 54वें आईएफएफआई के निर्बाध संचालन के लिए विभिन्न लॉजिस्टिक्स व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी दीजो प्रतिनिधियों के साथ-साथ स्थानीय व्यक्तियों को ध्यान में रखते हुई तैयार की गई हैं। इनमें उद्घाटन समारोह के लिए पार्किंग की सुविधाएंउत्सव स्थलों के बीच मुफ्त परिवहन तथा विभिन्न स्क्रीनिंग और सत्रों की बुकिंग प्रक्रियाएं शामिल हैं।
    पीआईबीपश्चिम क्षेत्र की महानिदेशक सुश्री मोनीदीपा मुखर्जी ने मीडिया को उनके लिए उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं के बारे में जानकारी दी। उन्होंने आईएफएफआई के इस संस्करण के लिए पीआईबी द्वारा की गई अनूठी पहल के बारे में भी बात की। इसमें मीडिया के लिए एक फिल्म समीक्षा कार्यशाला का आयोजन और सभी पीआईबी आईएफएफआई रिलीज के कोंकणी अनुवाद शामिल हैं।
    ईएसजी की उपाध्यक्ष सुश्री डेलिलाह एम. लोबो ने यह कहते हुए सम्मेलन का समापन किया कि आईएफएफआई में दुनिया भर की सर्वश्रेष्ठ फिल्में प्रदर्शित की जाएंगी। उन्होंने गोवावासियों को अपने घर पर मौजूद इस अवसर का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया।

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