मुंबई, अगस्त (ह.ए. प्रतिनिधि)
इथेनॉल हरित ईंधन है, जिसका उपयोग पेट्रोल के साथ सम्मिश्रण के लिए किया जा रहा है। पुणे मंडल का लोनी टर्मिनल 10 अगस्त 2021 को बीटीपीएन वैगनों में इथेनॉल रेक लोड करने वाला पहला टर्मिनल बन गया है, जिसने रेलवे और तेल विपणन कंपनियों दोनों के लिए एक नये अध्याय का शुभारंभ किया है। भारत भर में इथेनॉल का उत्पादन असमान है क्योंकि मुख्य रूप से महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक और कुछ अन्य राज्यों के चीनी उत्पादक क्षेत्र में केंद्रित है।
इथेनॉल मुख्य रूप से गन्ने से निष्कर्षण के बाद बचे हुए से तैयार किया जाता है। वर्तमान में इथेनॉल चीनी उद्योग के लिए अत्यधिक उत्पादन और चीनी की कम मांग को ध्यान में रखते हुए तारणहार है। लगभग सभी चीनी मिलों की इथेनॉल उत्पादन क्षमता कुल आवश्यकता की तुलना में कम है।
मध्य रेल पुणे मंडल और मेसर्स हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड, लोनी द्वारा आंध्र प्रदेश के कडप्पा में पहले 15 वैगनों को लदान करने की पहल सही दिशा में एक प्रगतिशील कदम है।
इथेनॉल के संभावित लाभ, एक हरित ईंधन :
-समग्र कार्बन उत्सर्जन को कम करने और इस प्रकार एक स्वच्छ वातावरण की दिशा में मदद करेगा।
-रेलवे के लिए हरित ईंधन का परिवहन करने का नया अवसर।
-समग्र विकास और भारत के एक हरित राष्ट्र के रूप में उभरने हेतु लाभ।
यह प्रेस विज्ञप्ति जनसंपर्क विभाग, मध्य रेल, छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस मुंबई द्वारा जारी की गई है।

0 टिप्पणियाँ