मुख्य समाचार

6/recent/ticker-posts

महाराष्ट्र विदेशी निवेश के लिए भारत का प्रवेश द्वार : मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस

 

ज्यूरिख, जनवरी 
(हड़पसर एक्सप्रेस न्यूज नेटवर्क)
महाराष्ट्र विदेशी निवेश के लिए भारत का सबसे भरोसेमंद राज्य बनकर उभरा है। हम जो कहते हैंउसे करके दिखाते हैंइसी वजह से वैश्विक निवेशकों का महाराष्ट्र पर विश्वास लगातार बढ़ा हैयह बात मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कही।
विश्व आर्थिक मंच (WEF) की वार्षिक बैठक के लिए दावोस पहुँचे मुख्यमंत्री फडणवीस ने महाराष्ट्र पवेलियन में मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकसित भारत’ की दिशा में एक मजबूत आधार और अनुकूल इकोसिस्टम तैयार किया हैजिसके कारण इस वर्ष भी महाराष्ट्र में बड़े पैमाने पर निवेश आने की पूरी संभावना है।
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि महाराष्ट्र भारत में आने वाले निवेश के लिए गेटवे ऑफ इंडिया है। अन्य राज्यों के साथ स्वस्थ प्रतिस्पर्धा देश के लिए लाभदायक हैलेकिन इसमें महाराष्ट्र अग्रणी बना हुआ हैइस पर हमें गर्व है।
राज्य के सभी क्षेत्रों में विविध निवेश
मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि महाराष्ट्र के सभी भौगोलिक क्षेत्रों में निवेश लाने के लिए 10 से 12 विविध औद्योगिक क्षेत्रों पर काम किया जा रहा है। थर्ड मुंबई’ के विकास के साथ बड़े निवेश के संकेत मिल रहे हैं। उन्होंने कहाहमारे पास निवेशकों के लिए एक मजबूत और आकर्षक मेन्यू कार्ड’ हैजिससे हम वैश्विक निवेशकों को आकर्षित करने में सफल होंगे।
WEF: निवेशकों के लिए वैश्विक मंच
मुख्यमंत्री फडणवीस ने WEF की वार्षिक बैठक को उद्योग और निवेशकों के लिए एक वैश्विक मंच बताते हुए कहा कि हर वर्ष महाराष्ट्र अपनी क्षमताओं और अवसरों को यहाँ प्रदर्शित करता है।
उन्होंने विश्वास जताया कि इस वर्ष पिछले वर्ष की तुलना में अधिक निवेश आएगा। अब तक 60–65 निवेश समझौतों को जमीन पर उतारने में महाराष्ट्र सफल रहा है।
उन्होंने विश्वास जताया कि इस वर्ष पिछले वर्ष की तुलना में अधिक निवेश आएगा। अब तक 60–65 निवेश समझौतों को जमीन पर उतारने में महाराष्ट्र सफल रहा है।
2030 तक ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था का लक्ष्य
सकाळ मीडिया ग्रुप के ग्लोबल इम्पैक्ट फोरम’ में मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि पिछले एक दशक में महाराष्ट्र ने औसतन 10 प्रतिशत से अधिक की विकास दर बनाए रखी है।
राज्य 2032 तक देश की पहली ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बन सकता हैलेकिन लक्ष्य इसे 2030 तक हासिल करने का है।
राज्य 2032 तक देश की पहली ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बन सकता हैलेकिन लक्ष्य इसे 2030 तक हासिल करने का है।
वैश्विक भू-राजनीतिक चुनौतियों के बावजूदअंतरराष्ट्रीय एजेंसियाँ भारत को वैश्विक अर्थव्यवस्था का ब्राइट स्पॉट मानती हैं और महाराष्ट्र इसमें अग्रणी भूमिका निभा रहा है।
 
देश के 39% FDI का प्रवाह महाराष्ट्र में
मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि पिछले वर्ष भारत में आए कुल प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) का 39 प्रतिशत महाराष्ट्र में आया। राज्य सरकार ने अब तक 15–16 निवेश-अनुकूल नीतियाँ लागू की हैंजिससे निवेशकों के लिए एक विश्वसनीय और सक्षम इकोसिस्टम तैयार हुआ है।
MSME अर्थव्यवस्था की रीढ़
सूक्ष्मलघु और मध्यम उद्योग (MSME) को अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताते हुए मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि रोजगार सृजन में इनकी भूमिका सबसे अहम है।उन्होंने कहा कि आज केवल पूंजी नहींबल्कि विश्वसनीयता सबसे बड़ा कारक हैऔर महाराष्ट्र ने हर वादे को निभाकर अपना ट्रैक रिकॉर्ड मजबूत किया है।
16 लाख करोड़ के MoU, 75–80% रूपांतरण दर
पिछले वर्ष महाराष्ट्र में 16 लाख करोड़ के सामंजस्य समझौते (MoU) हुए। इनके क्रियान्वयन के लिए एक विशेष ट्रैकिंग प्रणाली बनाई गई है। जहाँ देश में MoU के क्रियान्वयन की औसत दर 25–30 प्रतिशत हैवहीं महाराष्ट्र में यह 50–55 प्रतिशत और दावोस से जुड़े समझौतों में 75–80 प्रतिशत तक पहुँच गई है।
स्टार्टअप, AI और भविष्य की तकनीक
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि आज स्टार्टअप्स 3–4 वर्षों में यूनिकॉर्न बन रहे हैं।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), डेटा और फ्रंटियर टेक्नोलॉजी में महाराष्ट्र अग्रणी बन सकता है। देश की 60 प्रतिशत डेटा सेंटर क्षमता महाराष्ट्र में हैजिससे यह भारत की 
कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), डेटा और फ्रंटियर टेक्नोलॉजी में महाराष्ट्र अग्रणी बन सकता है। देश की 60 प्रतिशत डेटा सेंटर क्षमता महाराष्ट्र में हैजिससे यह भारत की डेटा सेंटर कैपिटल बन चुका है।
एज्यु-सिटी और 35 लाख उच्च वेतन वाली नौकरियाँ
नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास एज्यु-सिटीइनोवेशन सिटीस्पोर्ट्स सिटीमेडि-सिटी और GCC सिटी विकसित की जा रही हैं। इन परियोजनाओं से लगभग 35 लाख उच्च वेतन वाली नौकरियाँ सृजित होंगी।
वाढवन पोर्ट : अगले 100 वर्षों का विकास केंद्र
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि वाढवन बंदरगाह दुनिया के शीर्ष 10 बंदरगाहों में शामिल होगा और यह JNPT से तीन गुना बड़ा होगा। तीन वर्षों में इसका पहला चरण शुरू होगाजो आने वाले 100 वर्षों तक भारत की समुद्री और लॉजिस्टिक्स क्षमता को मजबूती देगा।
 
उद्योगों को पूर्ण सुरक्षा
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि औद्योगिक विकास के लिए कानून-व्यवस्था अत्यंत महत्वपूर्ण है और महाराष्ट्र में जीरो टॉलरेंस’ नीति लागू है। उन्होंने दोहराया कि महाराष्ट्र में निवेश सुरक्षितविश्वसनीय और भविष्य के लिए सर्वश्रेष्ठ है।
शहर GDP की रीढ़
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि देश के लगभग 65 प्रतिशत GDP का सृजन शहरी क्षेत्रों के आसपास होता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्मार्ट सिटी, AMRUT, स्वच्छ भारत और शहरी बुनियादी ढाँचे में बड़े निवेश के माध्यम से शहरी विकास की दिशा बदल दी है।
महाराष्ट्र की 29 महानगरपालिकाओ मे 40-50आबादी
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा, राज्य की 29 महानगरपालिकाओं में 40–45 प्रतिशत आबादी रहती है। यदि इन शहरों को अधिक रहने योग्य बनाया जाएतो इससे न केवल नागरिकों का जीवन स्तर सुधरेगाबल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था को भी नई गति मिलेगी।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ