पुणे, फरवरी (हड़पसर एक्सप्रेस न्यूज नेटवर्क)
महापारेषण कंपनी के दो हाई वोल्टेज 400 केवी सबस्टेशन लोणीकंद और चाकण को बिजली सप्लाई करने वाली टावर लाइन में बुधवार (9 दिसंबर) सुबह करीब साढ़े चार बजे पांच जगहों पर ट्रिपिंग हुई। इस तकनीकी खराबी के कारण पुणे और पिंपरी चिंचवड़ शहर के साथ-साथ चाकण, वाघोली, लोणीकंद और अन्य ग्रामीण इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रही। 80 फीसदी इलाकों में सुबह 8.30 बजे से दोपहर 12 बजे तक और बाकी 20 फीसदी इलाकों में दोपहर 3.15 बजे से चरणबद्ध तरीके से बिजली आपूर्ति बहाल की गयी।
इसके बारे में जानकारी यह है कि बुधवार (9 दिसंबर) को सुबह करीब साढ़े चार बजे कोहरे और ओस के कारण महापारेषण के लोणीकंद से चाकण और चाकण से तलेगांव टावर लाइन के कुल 5 सर्किट प्रभावित हुए। इसके चलते महापारेषण के लोणीकंद और चाकण सबस्टेशनों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। इन सबस्टेशनों से महावितरण के 189 सब-स्टेशनों की बिजली आपूर्ति भी बाधित रही। इससे पुणे शहर में करीब 15 लाख 13 हजार, पिंपरी चिंचवड़ शहर में 7 लाख 25 हजार और लोणीकंद, वाघोली, चाकण ग्रामीण इलाकों में करीब 1 लाख 80 हजार, कुल 24 लाख 18 हजार उपभोक्ता प्रभावित हुए।
इस बीच बिजली आपूर्ति बाधित होने के बाद महावितरण और महापारेषण के वरिष्ठ अधिकारियों ने आपात योजना को अंजाम दिया। इसमें कोयने में बिजली उत्पादन बढ़ाया गया और इसकी बिजली महापारेषण के जेजूरी 400 केवी सबस्टेशन को आपूर्ति की गई। जेजूरी सब-स्टेशन से महावितरण के विभिन्न सब-स्टेशनों को वैकल्पिक बिजली आपूर्ति उपलब्ध होने के बाद महावितरण ने सुबह 8.30 बजे से बिजली आपूर्ति बहाल करने के लिए तकनीकी उपाय करना शुरू कर दिया। दोपहर 12 बजे तक पुणे और पिंपरी चिंचवड़ शहर के साथ-साथ 80 फीसदी ग्रामीण इलाकों में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई। इसमें सबसे पहले अस्पतालों, जलापूर्ति योजनाओं, घरेलू उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति शुरू की गई। साथ ही महापारेषण के युद्धस्तरीय मरम्मत कार्य के चलते टावर लाइन के पांच में से दो सर्किट की मरम्मत का काम दोपहर एक बजे तक पूरा कर लिया गया, इसलिए इन दो सर्किटों से महावितरण के कुछ सब-स्टेशनों को बिजली की आपूर्ति शुरू की गई और बाकी क्षेत्र में बिजली आपूर्ति को सुव्यवस्थित करने के लिए और गति दी गई।
पुणे शहर रास्तापेठ, बंडगार्डन, पार्वती, कोथरुड, नगर रोड, शिवाजीनगर मंडल में सुबह 11.30 बजे तक चरणबद्ध तरीके से बिजली आपूर्ति शुरू की गई और पद्मावती मंडल में दोपहर 1 बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी। पिंपरी चिंचवड़ शहर के पिंपरी विभाग में दोपहर 12 बजे तक बिजली आपूर्ति शुरू कर दी गयी। भोसरी विभाग में एमआईडीसी और घरेलू ग्राहकों समेत करीब 55 फीसदी इलाकों में सुबह 10.15 बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी, जबकि शेष 45 फीसदी इलाकों में दोपहर साढ़े तीन बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी। इसके अलावा, ग्रामीण क्षेत्रों में लोणीकंद और वाघोली क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सुबह करीब 9.45 बजे बहाल कर दी गई। महत्वपूर्ण चाकण एमआईडीसी को भी दोपहर 12 बजकर 15 मिनट पर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी।
बिजली यात्रा - बिजली पैदा करने वाली कंपनियों द्वारा उत्पन्न बिजली महापारेषण कंपनी की हाई वोल्टेज टावर लाइन के जरिए उसी कंपनी के 400 केवी, 220 केवी और 132 केवी हाई प्रेशर सबस्टेशनों तक पहुंचाई जाती है। ये हाई वोल्टेज सबस्टेशन महावितरण के 33 केवी, 22 केवी और 11 केवी सबस्टेशनों और इन लाइनों के माध्यम से घरेलू, वाणिज्यिक, औद्योगिक, कृषि आदि सभी श्रेणियों के ग्राहकों को बिजली की आपूर्ति करते हैं।
यह जानकारी महावितरण कंपनी के मुख्य अभियंता कार्यालय, पुणे परिमंडल के जनसंपर्क अधिकारी श्री निशी राऊत द्वारा दी गई है।
महापारेषण कंपनी के दो हाई वोल्टेज 400 केवी सबस्टेशन लोणीकंद और चाकण को बिजली सप्लाई करने वाली टावर लाइन में बुधवार (9 दिसंबर) सुबह करीब साढ़े चार बजे पांच जगहों पर ट्रिपिंग हुई। इस तकनीकी खराबी के कारण पुणे और पिंपरी चिंचवड़ शहर के साथ-साथ चाकण, वाघोली, लोणीकंद और अन्य ग्रामीण इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रही। 80 फीसदी इलाकों में सुबह 8.30 बजे से दोपहर 12 बजे तक और बाकी 20 फीसदी इलाकों में दोपहर 3.15 बजे से चरणबद्ध तरीके से बिजली आपूर्ति बहाल की गयी।
इसके बारे में जानकारी यह है कि बुधवार (9 दिसंबर) को सुबह करीब साढ़े चार बजे कोहरे और ओस के कारण महापारेषण के लोणीकंद से चाकण और चाकण से तलेगांव टावर लाइन के कुल 5 सर्किट प्रभावित हुए। इसके चलते महापारेषण के लोणीकंद और चाकण सबस्टेशनों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। इन सबस्टेशनों से महावितरण के 189 सब-स्टेशनों की बिजली आपूर्ति भी बाधित रही। इससे पुणे शहर में करीब 15 लाख 13 हजार, पिंपरी चिंचवड़ शहर में 7 लाख 25 हजार और लोणीकंद, वाघोली, चाकण ग्रामीण इलाकों में करीब 1 लाख 80 हजार, कुल 24 लाख 18 हजार उपभोक्ता प्रभावित हुए।
इस बीच बिजली आपूर्ति बाधित होने के बाद महावितरण और महापारेषण के वरिष्ठ अधिकारियों ने आपात योजना को अंजाम दिया। इसमें कोयने में बिजली उत्पादन बढ़ाया गया और इसकी बिजली महापारेषण के जेजूरी 400 केवी सबस्टेशन को आपूर्ति की गई। जेजूरी सब-स्टेशन से महावितरण के विभिन्न सब-स्टेशनों को वैकल्पिक बिजली आपूर्ति उपलब्ध होने के बाद महावितरण ने सुबह 8.30 बजे से बिजली आपूर्ति बहाल करने के लिए तकनीकी उपाय करना शुरू कर दिया। दोपहर 12 बजे तक पुणे और पिंपरी चिंचवड़ शहर के साथ-साथ 80 फीसदी ग्रामीण इलाकों में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई। इसमें सबसे पहले अस्पतालों, जलापूर्ति योजनाओं, घरेलू उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति शुरू की गई। साथ ही महापारेषण के युद्धस्तरीय मरम्मत कार्य के चलते टावर लाइन के पांच में से दो सर्किट की मरम्मत का काम दोपहर एक बजे तक पूरा कर लिया गया, इसलिए इन दो सर्किटों से महावितरण के कुछ सब-स्टेशनों को बिजली की आपूर्ति शुरू की गई और बाकी क्षेत्र में बिजली आपूर्ति को सुव्यवस्थित करने के लिए और गति दी गई।
पुणे शहर रास्तापेठ, बंडगार्डन, पार्वती, कोथरुड, नगर रोड, शिवाजीनगर मंडल में सुबह 11.30 बजे तक चरणबद्ध तरीके से बिजली आपूर्ति शुरू की गई और पद्मावती मंडल में दोपहर 1 बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी। पिंपरी चिंचवड़ शहर के पिंपरी विभाग में दोपहर 12 बजे तक बिजली आपूर्ति शुरू कर दी गयी। भोसरी विभाग में एमआईडीसी और घरेलू ग्राहकों समेत करीब 55 फीसदी इलाकों में सुबह 10.15 बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी, जबकि शेष 45 फीसदी इलाकों में दोपहर साढ़े तीन बजे तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी। इसके अलावा, ग्रामीण क्षेत्रों में लोणीकंद और वाघोली क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सुबह करीब 9.45 बजे बहाल कर दी गई। महत्वपूर्ण चाकण एमआईडीसी को भी दोपहर 12 बजकर 15 मिनट पर बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गयी।
बिजली यात्रा - बिजली पैदा करने वाली कंपनियों द्वारा उत्पन्न बिजली महापारेषण कंपनी की हाई वोल्टेज टावर लाइन के जरिए उसी कंपनी के 400 केवी, 220 केवी और 132 केवी हाई प्रेशर सबस्टेशनों तक पहुंचाई जाती है। ये हाई वोल्टेज सबस्टेशन महावितरण के 33 केवी, 22 केवी और 11 केवी सबस्टेशनों और इन लाइनों के माध्यम से घरेलू, वाणिज्यिक, औद्योगिक, कृषि आदि सभी श्रेणियों के ग्राहकों को बिजली की आपूर्ति करते हैं।
यह जानकारी महावितरण कंपनी के मुख्य अभियंता कार्यालय, पुणे परिमंडल के जनसंपर्क अधिकारी श्री निशी राऊत द्वारा दी गई है।
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